प्रशिक्षण ले रही महिलाएं व युवतियां

महिलाओं- युवतियों को इस तरह आत्मनिर्भर बना रहा हल्द्वानी का जिला उद्योग केन्द्र

उत्तराखण्ड ऐपण कला ट्रेनिंग ताजा खबर नैनीताल पहनावा साक्षात्कार स्वरोजगार हस्तशिल्प हुनर

महिलाओें को स्वरोजगार के लिए तैयार कर रहा हल्द्वानी का जिला उद्योग केन्द्र, महिलाएं बन रही आत्मनिर्भर
कुमाऊं जनसन्देश डेस्क
हल्द्वानी। हल्द्वानी में स्थित जिला उद्योग केन्द्र, जनपद नैनीताल में स्वरोजगार का माहौल तैयार कर रहा है। जिला उद्योग केन्द्र के माध्यम से महिलाओं और युवतियों को स्वरोजगार से जोड़ने के विशेष प्रयास हो रहे हैें। वहीं बेरोजगार युवाओं को मुख्यमंत्री स्वरोजगार योजना और प्रधानमंत्री रोजगार सृजन के जरिए आत्मनिर्भर बनाया जा रहा है।

https://youtu.be/BnJZ-Q4qdiU

ऐपण कला को दिया जा रहा विशेष बढ़ावा
जनपद के जिलाधिकारी आईएएस सविन बंसल भी शुरू से ही जिले में ऐपण कला के जरिए स्वरोजगार को बढ़ावा देने का प्रयास करते आ रहे हैं। उनका मानना है कि ऐपण कला संस्कृति तक ही सीमित न रहे बल्कि यह आर्य सृजन का भी माध्यम बने। डीएम के मार्गदर्शन में जिला उद्योग केन्द्र इन दिनों विशेष प्रशिक्षण कार्यक्रमों के जरिए महिलाओं और युवतियों को ऐपण कला, ईको फ्रेंडली बैग निर्माण, सेल्फ इम्प्लायड टेलरिंग और हैंड इम्ब्राइडरी यानी की कपड़ों में सिलाई - कढ़ाई से कपड़ों को आकर्षक बनाना सिखा रहा है। महिलाएं और युवतियां भी बड़े ही मनोयोग से प्रशिक्षण ले रही हैं।

जिलेभर में आयोजित हो रहे प्रशिक्षण कार्यक्रम
जिला उद्योग केन्द्र के अधिकारियों के अनुसार जिले में स्वरोजगार को बढ़ावा देेने के लिए पांच प्रशिक्षण लम्बी अवधि के कराए जा रहे हैं। तीन साप्ताहिक उद्यमिता विकास के कई प्रशिक्षण तो करा भी लिए गए हैं जबकि दो माह और चार माह के पांच प्रशिक्षण वर्तमान में जिला उद्योग केन्द्र परिसर हल्द्वानी, कुसुखेड़ा, कठघरिया पनियाली के अलावा कानिया रामनगर में आयोजित हो रहे हैं। यहां मास्टर ट्रेनर महिलाओं और युवतियों को ऐपण कला, ईको फ्रेंडली बैग निर्माण, सेल्फ इम्प्लायड टेलरिंग और हैंड इम्ब्राइडरी यानी की कपड़ों में सिलाई - कढ़ाई से कपड़ों को आकर्षक बनाने की कला में कुशल बनाने में जुटे हुए हैं।
जिला उद्योग केन्द्र के महाप्रबंधक विपिन कुमार ने बताया कि जिलाधिकारी सविन बंसल के निर्देशन में जूट बैग निर्माण, हैंड इम्ब्राइडरी और ऐपण कला से जुड़े पांच प्रशिक्षण जिलेभर में आयोजित हो रहे हैं। प्रशिक्षणार्थी भी मनोयाग से प्रशिक्षण ले रहे हैं। बताया कि प्रशिक्षणार्थियों की ओर से तैयार उत्पादों को बेचने की भी व्यवस्था की जा रही है जिससे कि महिलाओें व युवतियों की आय में इजाफा हो सके।

Leave a Reply

Your email address will not be published.