हल्द्वानी। भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) के मार्गदर्शन में 12 सितंबर को बैंक ऑफ बड़ौदा आरसेटी, हल्द्वानी नैनीताल में वित्तीय साक्षरता शिविर का आयोजन किया गया। शिविर का उद्देश्य आरसेटी में प्रशिक्षण ले रहीं स्वयं सहायता समूह की महिलाओं तथा ग्रामीण क्षेत्रों से आए प्रशिक्षुओं को बैंकिंग प्रणाली, वित्तीय सेवाओं और सुरक्षित डिजिटल लेन-देन के प्रति जागरूक करना रहा।

कार्यक्रम में भारतीय रिजर्व बैंक, देहरादून के क्षेत्रीय निदेशक हर्ष कुमार गौतम ने प्रशिक्षुओं को KYC एवं Re-KYC की अनिवार्यता और प्रक्रिया, Central KYC (C-KYC), बैंक खाता खोलने की प्रक्रिया, उद्गम पोर्टल, RBI कहता है तथा बैंकिंग लोकपाल से संबंधित महत्वपूर्ण जानकारी दी। उन्होंने RBI Retail Direct Scheme की जानकारी देते हुए बताया कि इसके माध्यम से आम नागरिक सरकारी प्रतिभूतियों में निवेश कर सकते हैं।
वहीं, RBI के वित्तीय समावेशन एवं विकास विभाग के DGM शैलेंद्र शर्मा ने डिजिटल लेन-देन के दौरान बरती जाने वाली सावधानियों पर विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने फर्जी कॉल, संदेश और संदिग्ध लिंक के जरिए होने वाली साइबर धोखाधड़ी से बचने के उपाय बताए। साथ ही साइबर ठगी के आर्थिक एवं कानूनी दुष्परिणामों के प्रति भी प्रशिक्षुओं को जागरूक किया।
कार्यक्रम में परमदीप सिंह, एजीएम तथा भरत आनंद, लीड डिस्ट्रिक्ट ऑफिसर ने भी ग्रामीणों को संबोधित किया और बैंकिंग सेवाओं के सुरक्षित उपयोग एवं वित्तीय सुरक्षा से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारियां साझा कीं।
इस अवसर पर आरसेटी निदेशक अतुल कुमार पांडे, एफएलसी काउंसलर सुरेश कुमार बिष्ट सहित आरसेटी स्टाफ के नरेंद्र पिलख्वाल, ममता कनवाल, प्रकाश गोस्वामी आदि मौजूद रहे।
MSME कार्यक्रम में उद्यमियों ने रखे सवाल
इससे एक दिन पूर्व, 11 सितंबर 2026 को भारतीय रिजर्व बैंक, देहरादून की ओर से हल्द्वानी स्थित होटल ब्लू सैफायर में सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम (MSME) क्षेत्र से संबंधित कार्यक्रम आयोजित किया गया। इसमें करीब 100 उद्यमियों और विभिन्न बैंकों के वरिष्ठ अधिकारियों ने प्रतिभाग किया।
कार्यक्रम की अध्यक्षता RBI देहरादून के क्षेत्रीय निदेशक हर्ष कुमार गौतम ने की। इस दौरान MSME क्षेत्र के विकास की संभावनाओं, RBI की ओर से किए जा रहे प्रयासों और विभिन्न वित्तीय पहलों की जानकारी दी गई। साथ ही उद्यमियों की जिज्ञासाओं एवं प्रश्नों का समाधान भी किया गया।

