चमोली का आश्रम प़द्धति स्कूल होगा उच्चीकृत

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समाज कल्याण विभाग ने शासन को भेजा पत्र
विनोद पनेरू, हल्द्वानी। समाज कल्याण विभाग के अधीन संचालित चमोली स्थित राजकीय आश्रम विद्यालय उच्चीकृत होगा। समाज कल्याण निदेशालय ने प्रस्ताव तैयार कर शासन को भेज दिया है। स्वीकृति और बजट मिलने के बाद इसके उच्चीकरण का कार्य शुरू कर दिया जाएगा। बता दें कि अनुसूचित जाति के गरीब बच्चों को निशुल्क शिक्षा व रहने की सुविधा दिलाने के मकसद से समाज कल्याण विभाग प्रदेश में राजकीय आश्रम पद्वति विद्यालयों का संचालन कर रहा है। इन स्कूलों में बच्चों को बेहतर शिक्षा देने के साथ ही रहने, खाने व खेलकूद सामग्री भी उपलब्ध कराई जाती है। विभाग का चमोली जिले के सैकोट में भी क राजकीय आश्रम पति विद्यालय है। वर्तमान में इसमें एससी वर्ग के 60 गरीब बच्चे पढ़ाई कर रहे हैं। फिलहाल यहां आठवीं तक की पढ़ाई की ही सुविधा है। इससे बच्चों को आगे की पढ़ाई के अलग स्कूलों का रूख करना पड़़ता है। जबकि गरीब मां-बाप फीस देने में सक्षम नहीं हैं कि वे आगे की पढ़ाई भी करा सकें।
हाल के दिनों में समाज कल्याण मंत्री यशपाल आर्य ने  विभागीय अधिकारियों को स्कूल के उच्चीकरण के निर्देश दिये थे। समाज कल्याण निदेशक विष्णु सिंह धानिक ने बताया कि राजकीय आश्रम पद्धति विद्यालय सैकोट, चमोली का उच्चीकरण किया जाना है। इसके लिए प्रस्ताव बनाकर शासन को भेज दिया गया है। स्वीकृति  और बजट मिलने के बाद आगे की कार्यवाही शुरू कर दी जाएगी।
साल दर साल पेंशनर बढ़ रहे लगातार
दस साल में बढ़े चार लाख से अधिक पेंशनर
688314 पहुंची प्रदेश में समाज कल्याण विभाग के पेंशनर्स की संख्या
हल्द्वानी। समाज कल्याण विभाग की विभिन्न पेंशन योजनाओं में लाभार्थियों की संख्या में लगातार इजाफा हो रहा है। दस साल में ही करीब चार लाख 70 हजार से अधिक पेंशनर विभाग में पंजीकृत हो चुके हैं। हालांकि पूरे प्रदेश में किसान पेंशन लेने वालों की संख्या  कम ही है। समाज कल्याण विभाग की हालिया रिपोर्ट के अनुसार पूरे प्रदेश में विभाग विभिन्न पेंशन योजनाओं के तहत 688314 पात्रों के लाभांवित कर रह है। इन में वृद्धावस्था, विधवा, विकलांग पेंशन, निराश्रित अविवाहित महिला/परित्यक्ता महिला के लिए पेंशन, तीलू रौतेली पेंशन, किसान पेंशन व बौना पेंशन योजनाएं शामिल हैं। वर्ष 2007-08 में जहां कुल पेंशनरों की संख्या प्रदेश में दो लाख 17 हजार 837 थी। वहीं अब यह संख्या बढ़कर छह लाख 88 हजार 314 में पहुंच गई है। समाज कल्याण निदेशालय की रिपोर्ट के अनुसार वर्तमान में पूरे प्रदेश में वृद्धावस्था पेंशन के 442339, विधावा पेंशन के 147767 और विकलांग पेंशन के 71229 पात्र योजनाओं का लाभ ले रहे हैं। निराश्रित परित्यक्ता महिलाओं के लिए संचालित पेंशन की 2455 तीलू रौतेली के लिए 850, किसान पेंशन के लिए 20746 व बौना पेंशन के 82 पात्रों को लाभ दिलाया जा रहा है। इसके अलावा 18 वर्ष से कम आयु के विकलांग बच्चों के लिए संचालित विकलांग भत्ता का लाभ 2846 को दिया जा रहा है। समाज कल्याण निदेशक विष्णु सिंह धाानिक ने बताया कि सभी जिला समाज कल्याण अधिकारियों को पात्रों को ही लाभांवित करने के निर्देश दिए गए हैं।

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